अत्यधिक ठंड और शीतलहर से कैसे बचाये अपनी फसलों का नुकसान होने से : जानिए कुछ टिप्स के द्वारा

By Sakshi

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अत्यधिक ठंड और शीतलहर से कैसे बचाये अपनी फसलों का नुकसान होने से : जानिए कुछ टिप्स के द्वारा, भारत में 6 तरह के मौसम पाए जाते हैं,हर दो से तीन महीने मे मौसम बदलते रहते हैं अभी तो वैसे भी ये समस्या बहुत ही ज़्यादा हो रही है की ठंड और पाले की वज़ह से फसलों को नुकसान हो रहा है। उस दिन फसलों पर सल्फर के 80 WDG पाउडर को 3 किलोग्राम एक एकड़ के हिसाब से छिड़काव कर दें और इसके बाद खेतों की सिंचाई कर दे। कब सिंचाई करें, अधिक ठंड में कितनी मात्रा में करें, फसलों को अत्यधिक ठंड में कैसे बचाएं रासायनिक तरीको से करें तरीको से बचाये फसलों को आइये जानते है।

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पाले से पौधों की रक्षा

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पाला पड़ने से पौधों की कोशिकाओं में मौजूद जल के कण बर्फ में तबदील हो जाते हैं. इस वजह से वहां अधिक घनत्व होने के कारण फसलों को नुकसान पहुँचता है, जब भी पाला पड़ने की सम्भावना हो तो हमें फसलों की सिचाई काम करनी चाहिए जिस कारण फसलों में जायद नमी नहीं पहुंचेगी। अत्यधिक ठण्ड पड़ने से नर्सरी में होने वाले पोधो को ज़्यादा नुकसान होता है रात के समय पौधों को एक प्लास्टिक के कवर से ढ़क देना चाहिए। बल्कि पौधों के विकास में भी मदद मिलती है।

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खेतों में लगाएं ये पेड़

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फसलों को पाले से बचाने के लिए खेत की उत्तरी पश्चिमी मेड़ों पर पर बीच -बीच में जैसे की हवा को रोकने वाले पौधों को लगा देना चाहिए ,शहतूत ,शमीम ,जामुन आदि ,ठंडी हवा से फसलो बचते है किसान किसी तरह अपनी आलू, अरहर, चना, सरसों, तोरिया, बागवानी फसलें, गेहूं, जौ फसलों चाहते है तो अपनाइये ये उपाए। इन उपायों से आप ठण्ड में भी अपनी फसल को सुरक्षित रख रखेंगे।

Sakshi

हेलो में साक्षी यादव,लाइफ में बहुत कुछ किया मगर आज सही राह मिली जर्नलिज्म,में बैतूल समाचार से जुड़ी ,जुड़ने के बाद एक अच्छा एक्सप्रिन्स रहा मेरा और मुझे लाइफस्टाइल पर,पॉलिटिक्स पर ,जॉब अलर्ट पर काम करना अच्छा लगता मेरी सोच है की मेरे द्वारा,लोग तक वो हर जानकारी पहुंच पाए जो वो नहीं जान पाते है। में लोगों की आवाज़ बनू।